Director Message

Director MEssage

प्रिय विद्यार्थियों, अभिभावकों एवं समाज के सम्मानित सदस्यों,

विद्यार्थी सेवा समिति की स्थापना वर्ष 2006 में हरियाणा के सिरसा में एक पवित्र उद्देश्य के साथ की गई थी—उन बच्चों और युवाओं को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना, जो गरीबी और आर्थिक अभाव के कारण अपनी पढ़ाई पूरी नहीं कर पाते थे। यह समिति शिक्षा के क्षेत्र में एक छोटे से दीपक के रूप में शुरू हुई, जिसने समय के साथ एक उज्ज्वल प्रकाशपुंज का रूप ले लिया।

भगवान श्री साईं बाबा की असीम कृपा से विद्यार्थी सेवा समिति को नया स्वरूप मिला और इसका नाम श्री साईं संस्थान रखा गया, जिसे आज पूरे भारत में सम्मान और पहचान प्राप्त है। वर्तमान में यह संस्थान श्री साईं एजुकेशन एंड चैरिटेबल ट्रस्ट के संरक्षण में कार्यरत है और समाज के वंचित वर्गों के सामाजिक विकास एवं उत्थान में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

हमारा मुख्य उद्देश्य देश की विशाल युवा आबादी को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भर, कुशल और रोजगारोन्मुखी बनाना है। विशेष रूप से उन युवाओं को अवसर देना, जो आर्थिक संकट के कारण शिक्षा से वंचित रह जाते हैं, ताकि वे शिक्षा प्राप्त कर सम्मानपूर्वक जीवनयापन कर सकें।

पिछले पंद्रह वर्षों में संस्थान से शिक्षित होकर अनगिनत विद्यार्थी न केवल देश में बल्कि विदेशों में भी कार्यरत हैं और अपने परिवार, समाज तथा राष्ट्र का नाम रोशन कर रहे हैं। यह हमारे लिए गर्व की बात है कि हमारे विद्यार्थियों ने संस्थान की पहल और अपनी मेहनत के बल पर विभिन्न क्षेत्रों में शीर्ष स्थान प्राप्त किए हैं।

श्री साईं संस्थान भारत सरकार एवं गैर-सरकारी संस्थानों के सभी नियमों और मानकों के अनुरूप कार्य करते हुए विभिन्न पाठ्यक्रमों के माध्यम से गरीब और जरूरतमंद विद्यार्थियों को शिक्षा प्रदान कर रहा है। हमारा संकल्प है कि हम शिक्षा के माध्यम से समाज को सशक्त बनाने और बेरोजगारी को कम करने के अपने प्रयास निरंतर जारी रखेंगे।

आप सभी के सहयोग, विश्वास और आशीर्वाद से हम भविष्य में भी शिक्षा के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित करते रहेंगे।

जय साईं राम
निदेशक
Shree Sai Institution